अशफाक कायमखानी।जयपुर।
राजस्थान की प्रमुख नि:संतानता रोग विशेषज्ञ डा.सारा जैदी प्रदेश के अलग अलग क्षेत्रो मे जाकर नि:संतानता परामर्श शिविर मे भाग लेकर गर्भ धारण करने मे आ रही दिक्कतों व उनसे बचाव एवं निवारण के बारे मे तफ्सील से बताते हुये रोगियो का उपचार करके राजस्थान मे बढते उक्त रोग पर लगाम लगाने की कोशिश कर रही है।
नि:संतानता रोग विशेषज्ञ डा.सारा जैदी ने महिलाओं की शादी की सही उम्र 24-28 साल को ठीक बताते हुये कहा कि शराब सेवन, स्मोकिंग, केरियर को लेकर तनाव व न्यूट्रीशियन की कमी के कारण सहायक अण्डे बनने मे दिक्कत होने के कारण आज नि:संतानता रोग के मरीज काफी बढने लगे है। पिछले पांच साल मे यह तादाद ठीक डबल होना पाया जा रहा है। डा. सारा ने कहा कि महिलाओं की शादी की ठीक उम्र 24-28 साल मानी जाती है लेकिन बडे शहरो मे अब शादी की उम्र का चलन तीस की उम्र पार करने के बढते चलन से गर्भ धारण करने मे आवश्यक सहायक अण्डो की कमी के कारण भी यह रोग बढने लगा है।
डा.सारा जैदी ने बताया कि पहले महिलाओं के 45 की उम्र पार करने के बाद सहायक अण्डो का निमार्ण होना कम होने लगता था वो समस्या अब महिला की 35 की उम्र के बाद ही नजर आने लगती है। नि:संतानता की समस्या मोबाइल रेडिएसन व हिट के कारण भी होने लगी है। उन्होंने बताया कि मेडिकल रिसर्च मे पाया गया है कि मोबाइल रेडिएशन के कारण भी शुक्राणू के पैदा होने मे कमी आने लगती है एवं टाईट अण्डरगारमेंट भी सहायक अण्डे बनने मे दिक्कत पैदा करना पाया जाता है।
मेडिकल रिसर्च के मुताबिक़ मोबाइल रेडिएशन के अलावा हलवाई व वाहन चालक के अतिरिक्त लम्बी सिटिंग वाले काम करने वालो के साथ साथ तनाव मे रहने वालो मे सहायक अण्डो का निमार्ण कम होने से नि:संतानता रोग बढने लगता है। इस रोग के महिला व पुरुष समान रुप से शिकार हो सकते है। खास तौर पर कुछ अन्य कारणो के अलावा मोबाइल रेडियेशन के कारण नि:संतानता रोग के रोगियों की तादाद पीछले पांच साल मे दूगनी होना पाया जा रहा है।
राजस्थान के नामी जैदी परिवार व भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी हैदर अली जैदी (पुलिस अधीक्षक-भरतपुर) की पुत्री डा.सारा जैदी ने राजस्थान के विभिन्न क्षेत्रो के साथ सीकर के एक निजी नीरजा अस्पताल मे रोगियों को परामर्श देने के साथ उपचार भी किया।
कुल मिलाकर यह है कि अधिक उम्र मे महिलाओं के शादियां करने के बढते चलन, मोबाइल रेडीयेशन व तनाव मे रहने के अलावा लम्बी सिटिंग के काम करने के कारणो से महिला व पुरुषों मे नि:संतानता के बढते रोग के रोगियों की तादाद से भारी इजाफा होने से भारतीय समाज मे चिंता की लहर पाई जाती है। ऐसे चिंताजनक हालत मे डा:सारा जैदी का परामर्श व उपचार बहुत उपयोगी साबित हो सकता है।
Support Independent Media
Click Here and Join the Membership of Millat Times to Support Independent Media.
Support Millat Times