श्रीलंका:कई शहरों में सांप्रदायिक हिंसा भड़की;पूरे देश में कर्फ्यू लागू,उल्लंघन पर गोली मारने के आदेश

admin

admin

13 May 2019 (Publish: 05:29 PM IST)

कोलंबो:श्रीलंका के कई शहरोंमें सोमवार को सांप्रदायिकदंगे भड़क गए। इसे देखते हुए सरकार ने पूरे देश में कर्फ्यू लगा दिया,जो रात 9 बजे से मंगलवार सुबह 4 बजे तक लागू रहेगा। पुलिस ने फेसबुक, वॉट्सऐप समेत कई सोशल मीडिया साइट्स पर भी बैन लगा दिया है। चिलाऊ कस्बे में रविवार को एक फेसबुक पोस्ट के बाद विवाद शुरू हुआ था। स्थानीय लोगों ने तीन मस्जिदों पर पत्थर फेंके थे।पत्थरबाजी से पहले लोगों ने एक व्यक्ति के साथ मारपीट भी की थी।

श्रीलंका में 21 अप्रैल को ईस्टर के दिन हुए सिलसिलेवार धमाकों में 251 लोगों की जान गई थी। मुस्लिम समुदाय का कहना है कितभी से पूरे देश में मुस्लिम नागरिकों को प्रताड़ित किए जाने की दर्जनों शिकायतें मिल चुकी हैं।

प्रधानमंत्री विक्रमसिंघे ने शांति बनाए रखने की अपील की

सेना प्रमुख महेश सेनानायके ने कहा कि कुरुनेगाला जिले में ज्यादा हिंसक घटनाएं हुई हैं। कर्फ्यू का उल्लंघन करने वालों से सख्ती से निपटने के आदेश दिए गए हैं। अगर कोई आदेशों का उल्लंघन करेगा तो इससे निपटने के लिए जवानों को शूट एट साइट के ऑर्डर दे दिए गए हैं। प्रधानमंत्री रानिल विक्रमसिंघे ने शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अफवाहों पर ध्यान ना दें। सुरक्षाबलों आतंकवादियों को गिरफ्तार करने और देश की सुरक्षा निश्चित करने में दिन-रात जुटे हुए हैं।

भड़काऊ फेसबुक पोस्ट लिखने वाला व्यक्ति गिरफ्तार- पुलिस

श्रीलंका पुलिस प्रवक्ता रुवान गुणशेखर ने कहा- भड़काऊफेसबुक पोस्ट लिखने वाले व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया गया है। एक स्थानीय युवक ने कहा किसैकड़ों दंगाई आगजनी कर रहे हैं। पुलिस और सेना बस देख रही है।

फेसबुक पोस्ट में लिखा- ज्यादा मत हंसो, एक दिन तुम रोओगे
रविवार को चिलाऊ में एक फेसबुक पोस्ट पर विवाद हो गया था। इसके बाद ही मस्जिद पर हमला किया गया। पोस्ट में कमेंट लिखा था “हमें कोई रुला नहीं सकता”। इसी पोस्ट पर अब्दुल हमीद मोहम्मद हसमर नामक शख्स ने जवाब दिया था,”ज्याद मत हंसो, एक दिन तुम रोओगे।”

क्रिश्चियन बाहुल्य चिलाऊ में पोस्ट को धमकी समझा गया
स्थानीय नागरिकों ने कहा था कि चिलाऊ क्रिश्चियन बाहुल्य इलाका है और हसमर की इस पोस्ट को यहां धमकी के तौर पर देखा गया। इसके बाद उग्र भीड़ ने उसकी पिटाई की थी। इसके बाद भीड़ ने तीन मस्जिदों और दुकानों पर पत्थरबाजी की। ये दुकान हसमर की ही बताई जा रही है।

(इनपुट भास्कर)

Support Independent Media

Click Here and Join the Membership of Millat Times to Support Independent Media.

Support Millat Times
Scroll to Top