नई दिल्ली (मिल्लत टाइम्स): कांग्रेस पार्टी की प्रवक्ता नूरी खान ने अपना प्लाज्मा डोनेट करके बहादुरी की मिसाल कायम की है। उन्होंने मनोहर लाल राठौर नाम के एक व्यक्ति जिनको वह जानती तक नहीं है,उनकी जान बचाने के लिए नूरी ने अपने रोजे की परवाह तक नहीं की और भूखे प्यासे रहकर मनोहर को अपना प्लाज्मा डोनेट किया ताकि वह उनकी जान बचा सकें। उन्होंने इस काम को करके लोगों को यह दिख दिया है कि महिलाएं भी प्लाज़्मा डोनेट कर सकती हैं। हम अमूमन यह देखते हैं कि ज्यादातर ब्लड डोनेशन पुरुष करते हैं। यह बहुत कम देखने को मिलता है कि महिलाएं अपने प्लाज़्मा डोनेट करती हैं। पर नूरी खान ने इस काम में पहल कर ये दिखा दिया कि महिलाएं भी किसी से कम नहीं उनके इस जज़्बे को हम सलाम करते हैं।
दरअसल नूरी खान को जैसे ही पता चला कि मनोहर लाल राठौर नाम के व्यक्ति को प्लाज्मा की सख्त जरूरत है।वह जिंदगी और मौत के बीच अपनी सांसे भर रहा है। तभी नूरी खान के जहन में आया कि उनका प्लाज़्मा भी उसी ग्रुप का है जो मनोहर लाल का है, उनका प्लाज़्मा भी उस व्यक्ति की जान बचा सकता है, तो अपने रोजे की परवाह किए बिना उस व्यक्ति की मदद करने के लिए पहुंच गईं, और उनको प्लाज्मा डोनेट करके लोगों को यह मैसेज दे रही हैं कि इस मुश्किल घड़ी में सभी को बाहर निकल कर आना चाहिए और लोगों की जान बचाने में उनकी मदद करनी चाहिए । इस मुश्किल घड़ी में लोग कोरोना महामारी से जंग लड़ रहे हैं, तो लाजमी है कि इस वक्त नूरी खान जैसे अच्छे लोग बाकी लोगों को भी जागरूक करें। ऐसे लोग बहुत ही कम मिलते हैं,जो इंसानियत के लिए काम करें नूरी खान ने यह साबित कर दिया है इंसानियत से बड़ा कोई मजहब नहीं। उन्होंने अपने रोजे को को तोड़कर मनोहर लाल राठौर की जान बचाना अपना ईमान और अपने मजहब का फर्ज समझा, उनको पता है की जान बचाना रोज़े से कहीं बढ़कर है।
Support Independent Media
Click Here and Join the Membership of Millat Times to Support Independent Media.
Support Millat Times